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नेहरू गार्डन रोड पर बन रहे 30 मरले काअवैध होटल सील, सियासी दबाव में चल रहा था काम

अनिल वर्मा-नेहरू गार्डन रोड पर स्थित AGI होटल के सामने एक बड़ी इमारत को निगम कमिशनर अभीजित कपिलेश के आदेशों के बाद एटीपी सुखदेव वशिष्ट ने सील किया है। यह इमारत एक शराब कारोबारी की बताई जा रही है जिसका निगम की ओर से कोई नक्शा पास नहीं करवाया गया था बल्कि सारा काम सियासी दबाव में करवाया जा रहा था। इस मामले में निगम के अधिकारी की भी भूमिका संदेह के घेरे में है जिसने एक कांग्रेसी नेता का साथ मिलकर इतने बड़े अवैध निर्माण को दबा कर रखा।








मामले का खुलासा उस वक्त हुआ जब मीडिया में इस मामले को प्रमुखता से उजागर किया। यहां बाहरी ढांचे की आढ़ में अंदर बड़े बड़े हाल बनाए जा रहे थे जहां आने वाले दिनों में एक आलीशान होटल खोला जाना था। मगर इस होटल की न तो पार्किंग के लिए कोई जगह छोड़ी गई थी और न ही इसका नक्शा निगम के पास करवाया जा रहा था। सूत्रों अनुसार इस बड़े होटल को बनवाने के लिए एक कांग्रेसी नेता ने लाखों की वसूली की थी और निगम प्रशासन को भी मैनेज किया गया था। इसके लिए प्राप्टी मालिक की ओर से एक डम्मी लैटर लिया गया था जिसमें लिखवाया गया था कि वह छत बदलवाना चाहता है और इसकी मंजूरी दी जाए मगर इस लैटर को न तो रिजैक्ट किया गया था और न ही आगे प्रौसेस किया गया।

डम्मी लैटर के बाद ही यहां निर्माण शुरु करवा दिया गया था मगर सत्ता परिवर्तन होने के बाद इस होटल के निर्माँण का रास्ता बंद हो गया था जिसके बाद इसका काम बंद करवा दिया गया था। मगर बीते तीन महीनों से यहां फिर काम चालू करवा दिया गया। मामला मीडिया में आने के बाद निगम कमिशनर अभिजीत कपिलेश ने इसका संज्ञान लिया और प्राप्टी मालिक को नगर निगम एक्ट के अनुसार नोटिस जारी किए मगर किसी भी नोटिस का ज्वाब न मिलने के बाद इस निर्माण को सील करने के आदेश दे दिए गए। मौके पर कारवाई करने पहुंचे एटीपी सुखदेव वशिष्ट ने कहा कि यह निर्माण अवैध है तथा नोनकंपाउडेबल है इसलिए इसको सील किया गया है। रिपोर्ट कमिशनर साहब को पेश की जाएगी उसके बाद अगली कारवाई की जाएगी।