50 हजार की रिश्वत मांगने वाला RTO दफ्तर का रिश्वतखोर क्लर्क जतिंदर बर्खास्त

अनिल वर्मा

विंटेज नंबरों को ट्रांसफर करने के मामले में रिश्वत मांगने वाले आरटीओ दफ्तर के आरोपी क्लर्क जितेंद्र को आरटीओ बरजिंदर सिंह द्वारा बर्खास्त कर दिया गया। जितेंद्र पिछले डेढ़ साल से इसी सीट पर काम कर रहा था। रामा मंडी निवासी राजेश ने लुधियाना से खरीदी कार की आरसी ट्रांसफर करने के लिए जितेंद्र को फ़ाइल जमा कराइ थी जिसके लिए जितेंद्र ने 50 हजार की रिश्वत की मांग की जिसके बदले दस हजार एडवांस दे दे दिया गया मगर करीब 11 महीने के बाद भी आरसी ट्रांसफर नहीं की गई जून महीने में मामला विजिलेंस के पास पहुंचा दो क्लर्क पर शिकंजा कसना शुरू हुआ

आरोपी क्लर्क जितेंद्र द्वारा रिश्वत मांगने की एक ऑडियो भी वायरल हुई थी जिसके आधार पर विजिलेंस ने आरटीओ दफ्तर में रेड की थी मगर तब जतिंदर पहले ही भाग गया था कुछ दिनों बाद दोबारा दफ्तर लौटकर उसने आम दिनों की तरह कामकाज शुरू कर दिया था मामला उच्च अधिकारियों तक पहुंचने के बाद आरटीओ बरजिंदर सिंह ने मामले की जांच की जिसमें जितेंद्र को दोषी मानते हुए उसे नौकरी से निकाल दिया गया